इंसान की सच्चाई उसकी जुबान के नीचे होती है अगर किसी शख्स को जानना है तो उसे गुस्से की हालत में देखो। हर किसी को इतनी अहमियत दो जितनी तुमको देता है अगर कम
इंसान की सच्चाई उसकी जुबान के नीचे होती है अगर किसी शख्स को जानना है तो उसे गुस्से की हालत में देखो। हर किसी को इतनी अहमियत दो जितनी तुमको देता है अगर कम